41 लाख रुपये की लूट के आरोपी कुंदन सिंह की जमानत अर्जी खारिज
जौनपुर। राजस्थान के बीकानेर निवासी व्यापारी जयपाल शर्मा से कथित तौर पर 41 लाख रुपये की लूट के मामले में जिला जज सुशील कुमार शशि की अदालत ने आरोपी कुंदन सिंह निवासी कोल्हुआ, महाराजगंज की जमानत अर्जी मंगलवार को खारिज कर दी। अदालत ने मामले की गंभीरता को देखते हुए दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद यह फैसला सुनाया।
जौनपुर। राजस्थान के बीकानेर निवासी व्यापारी जयपाल शर्मा से कथित तौर पर 41 लाख रुपये की लूट के मामले में जिला जज सुशील कुमार शशि की अदालत ने आरोपी कुंदन सिंह निवासी कोल्हुआ, महाराजगंज की जमानत अर्जी मंगलवार को खारिज कर दी। अदालत ने मामले की गंभीरता को देखते हुए दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद यह फैसला सुनाया।मामले में मुख्य आरोपी बताए जा रहे अधिवक्ता अभिनव सिंह को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज चुकी है। राजस्थान के बीकानेर निवासी जयपाल शर्मा ने बक्शा थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई थी।प्राथमिकी के अनुसार, जयपाल शर्मा कोडीन कफ सिरप मामले में जेल में बंद अपने भाई की जमानत कराने के लिए प्रयागराज गए थे। वहीं उनकी मुलाकात अधिवक्ता अभिनव सिंह से हुई थी। आरोप है कि पांच सितंबर को वाराणसी से जौनपुर आते समय अभिनव सिंह उन्हें अपनी कार से लेकर जौनपुर आए।वादी के अनुसार, उन्होंने दो व्यापारियों से क्रमश: 19 लाख और 22 लाख रुपये लिए थे। इसके बाद उन्होंने अभिनव सिंह को वाराणसी वापस चलने के लिए बुलाया। आरोप है कि रास्ते में अभिनव सिंह और उपदेश पाठक ने उन्हें धमकाया कि रुपये नहीं देने पर उन्हें अपराध शाखा पुलिस के हवाले कर दिया जाएगा।शिकायत के मुताबिक, विरोध करने पर आरोपियों ने जयपाल शर्मा से 41 लाख रुपये लूट लिए। मामले में कुंदन सिंह पर भी आरोपियों के संपर्क में रहने और लूटी गई रकम में हिस्सा लेने का आरोप लगाया गया है।जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी लाल बहादुर पाल ने कुंदन सिंह की जमानत अर्जी का विरोध करते हुए अदालत को बताया कि आरोपी की मामले में भूमिका सामने आई है और उस पर लूटी गई रकम में हिस्सा लेने का आरोप है। दोनों पक्षों की बहस सुनने के बाद अदालत ने अपराध की गंभीरता को देखते हुए कुंदन सिंह की जमानत अर्जी निरस्त कर दी।